इकाई | गठन की विशिष्टता | गठन का उद्देश्य | आशित आचरण |
मानव | विचार एवं शरीर | सुखानुभूति | न्यायसम्मत व्यवहार |
परिवार | सीमित समझदार व्यक्तियों के समूह का संबंध प्रधान गठन | समाधान एवं समृद्धि | समाधान सहित सेवा, व्यवसाय एवं प्रयोग |
समाज | सीमित परिवारों का समूह, जिसमें संबंध एवं संपर्क दोनों सम्मिलित हों । | समृद्धि सहित सत्यता एवं अखण्ड सामाजिकता को आत्मसात करना, अर्थ का सदुपयोग- सुरक्षा | जागृति में, से, के लिए प्रचार एवं प्रदर्शन, प्रकाशन तथा प्रोत्साहन । शिक्षा-संस्कार विधि से लोकव्यापीकरण |
राष्ट्र | राष्ट्रव्यापी जनजाति के समूह का गठन एवं सम्पर्क के निर्वाह के लिए विधि की प्रधानता । | मानवीयता का संरक्षण, प्रत्यक्ष रूप में अर्थ की सुरक्षा । | न्याय पूर्ण व्यवस्था। |
विश्व | कई राज्यों का समूह जिसके मूल गठन में मानवीयता प्रधान संयोजक तत्व है, सार्वभौम व्यवस्था के अर्थ में | मानवीयता को प्रोत्साहन । | सहअस्तित्व में, से, के लिए । |